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विषय दर्श कामना
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हे!
मेरे
राघव
दर्शन दो
तरसे नैन
जीवन बुढ़ापा
कहते दशरथ !!
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विषय राम जनम
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श्री
राम
जनम
हितकारी
जग पावन
मगन दशरथ
कौशिल्या महतारी
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विषय सीता स्वयंबर
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लो
राम
लखन
विश्वामित्र
सिया बिहाने
लगा स्वयंबर
जयकार राम की!!
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विषय राम बनवास
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है
आज्ञा
राघव
चले वन
भ्राता सपत्नि
दशरथ दुखी
नगर पुर वासी !!
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विषय सीताहरण
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श्री
हीन
रावण
चल पड़ा
सिया हरने
मारीच हिरण
पीछा करते राम !!
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तोषण कुमार चुरेन्द्र
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रविवार, 8 जुलाई 2018
राम कथा
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वफा तो हम करते रहे जहान में अपनों से, किसी ने जफा की और किसी ने बेवफाई। -आचार्य तोषण -आचार्य ...
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महूं ह कतेक मजबूर हंव। मितवा तोरले गजब दूर हंव। बिछड के जहुरिया तोर ले फुटहा दरपन सही चुर चुर हंव। आचार्य तोषण