*तेरे दर पे आकर फरियाद करता हूँ.*
*हर घड़ी हर पल तुझे याद करता हूँ.*
*सुनना या ना सुनना मेरी मर्जी है तेरी,*
*आसरा से जिंदगी खुद आबाद करता हूँ.*
*तोषण कुमार चुरेन्द्र ९६१७५८९६६७*
राम जपय शिवनाम को,शंकर हा श्री राम। राम नाम सब मन जपव,बनही बिगड़े काम। बनही बिगड़े काम,राम शिव संगी मितवा। करथे बेड़ा पार,बने जी सब...
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